6 अगस्त 2025: छत्तीसगढ़ के चांपा स्थित बीडीएम अस्पताल में 22 माह के मासूम आयुष देवांगन की सर्प दंश के बाद मौत के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। अस्पताल की दो स्टाफ नर्स, मीनू पटेल और सविता महिपाल, को लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। मासूम आयुष को सांप के काटने के बाद बीडीएम अस्पताल लाया गया था, जहाँ एंटी स्नेक वेनम उपलब्ध होने के बावजूद नर्सों ने परिजनों को मौखिक रूप से निजी अस्पताल जाने की सलाह दी। निजी अस्पताल में समय पर उचित इलाज न मिलने के कारण आयुष की हालत बिगड़ गई। गंभीर स्थिति में उसे जिला अस्पताल लाया गया, जहाँ से उसे रिफर किया गया, लेकिन रास्ते में ही मासूम ने दम तोड़ दिया। मासूम की मौत के बाद परिजनों और चांपा शहर के जनप्रतिनिधियों ने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए संभागीय संयुक्त संचालक स्वास्थ्य सेवा ने त्वरित संज्ञान लिया और जांच के बाद दोनों नर्सों को निलंबित कर दिया। यह घटना सरकारी अस्पतालों में लापरवाही और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर सवाल उठाती है। स्थानीय लोग इस कार्रवाई को पर्याप्त मान रहे हैं, लेकिन भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए और सख्त कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।
चांपा बीडीएम अस्पताल में लापरवाही पर बड़ी कार्रवाई, दो स्टाफ नर्स निलंबित
